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गोरखपुर। रोहिन नदी के बढ़ते जलस्तर और बारिश के दौरान जलभराव की समस्या से जूझने वाले पिपराइच विधानसभा क्षेत्र के ग्रामीणों और किसानों के लिए राहत की बड़ी उम्मीद जगी है। मानीराम-कुदरिहा तटबंध के किमी 5.000 पर 18.78 करोड़ रुपये की लागत से पंपिंग स्टेशन बनाने की परियोजना प्रस्तावित की गई है। सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग की ओर से तैयार इस परियोजना की अनुमानित लागत 1877.69 लाख रुपये है। पंपिंग स्टेशन बनने से बंधे के आसपास के गांवों में जलनिकासी व्यवस्था बेहतर होने और जलभराव की समस्या कम होने की उम्मीद है।
परियोजना को लेकर पिपराइच विधायक महेन्द्र पाल सिंह ने रविवार को मानीराम-कुदरिहा बंधे के आसपास के गांवों के ग्रामीणों और किसानों के साथ बैठक की। रामपुर गोपालपुर, परमेश्वरपुर, मानीराम, महाराजगंज, विशुनपुर, सिक्टौर समेत अन्य ग्रामसभाओं के लोगों से संवाद कर विधायक ने क्षेत्र की बाढ़, जलभराव और कृषि से जुड़ी समस्याओं की जानकारी ली। ग्रामीणों ने भी लंबे समय से चली आ रही जलनिकासी की समस्या से उन्हें अवगत कराया।
बाढ़ के समय बढ़ जाती है मुश्किल
मानीराम-कुदरिहा बंधा क्षेत्र रोहिन नदी के प्रभाव में होने के कारण बारिश और बाढ़ के दौरान संवेदनशील रहता है। नदी का जलस्तर बढ़ने पर आसपास के इलाकों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो जाती है। इससे ग्रामीणों के आवागमन के साथ ही किसानों की खेती प्रभावित होती है। कई बार खेतों में पानी लंबे समय तक जमा रहने से फसलों को नुकसान उठाना पड़ता है।
ऐसे में बंधे पर पंपिंग स्टेशन का निर्माण क्षेत्र की जलनिकासी व्यवस्था के लिए अहम माना जा रहा है। परियोजना पूरी होने के बाद जलभराव वाले क्षेत्रों से पानी की निकासी को प्रभावी तरीके से किया जा सकेगा। इससे बाढ़ के दौरान ग्रामीण क्षेत्रों पर पड़ने वाले प्रभाव को कम करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
किसानों को दोहरी राहत की उम्मीद
विधायक महेन्द्र पाल सिंह ने कहा कि पंपिंग स्टेशन क्षेत्र की लंबे समय से चली आ रही जलभराव की समस्या के समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। जलनिकासी बेहतर होने से किसानों की कृषि भूमि को जलभराव से बचाने में मदद मिलेगी। इससे खरीफ और रबी दोनों फसलों की खेती को लाभ मिलने की उम्मीद है।
उन्होंने कहा कि पिपराइच विधानसभा क्षेत्र के ग्रामीणों और किसानों की समस्याओं का समाधान उनकी प्राथमिकता है। बाढ़ और जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए आवश्यक प्रयास किए जा रहे हैं। प्रस्तावित पंपिंग स्टेशन भविष्य में क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण आधारभूत सुविधा साबित हो सकता है।
विधायक ने परियोजना के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रति आभार जताते हुए कहा कि प्रदेश सरकार बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में जलनिकासी और बाढ़ नियंत्रण की व्यवस्था को मजबूत करने पर लगातार काम कर रही है।
बैठक में ड्रेनेज खंड गोरखपुर के अधिशासी अभियंता आनन्द कुमार गौतम, सहायक अभियंता गुलाब चंद्र शर्मा, विभूति नारायण सिंह, विनोद कुमार चतुर्वेदी, जूनियर इंजीनियर रणजीत कुमार सिंह, अश्वनी कुमार सिंह, सत्यवान, चंद्रप्रकाश, जितेंद्र कुमार समेत विभागीय अधिकारी मौजूद रहे। ग्राम प्रधान सिद्धांत सिंह, कृष्णमोहन सिंह, जिला पंचायत सदस्य संगीता पासवान, लाल बहादुर सिंह, विशाल यादव, हरगोविंद सिंह सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं जनप्रतिनिधि भी बैठक में शामिल हुए।
ग्रामीणों ने पंपिंग स्टेशन की परियोजना प्रस्तावित होने पर खुशी जताते हुए कहा कि इसके निर्माण से क्षेत्र में बारिश और बाढ़ के दौरान होने वाले जलभराव से काफी हद तक राहत मिलने की उम्मीद है। किसानों ने इसे खेती और ग्रामीण जीवन दोनों के लिए महत्वपूर्ण परियोजना बताया।
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