अमेज़न और फ्लिपकार्ट जैसी ई – कामर्स कंपनियों के प्रतिनिधि बुलाए जाएंगे गोरखपुर, दिल्ली हाट में भी मचेगी गोरखपुर के टेराकोटा की धूम

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•चाय पंचायत
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गोरखपुर। ओडीओपी में शामिल गोरखपुर के टेराकोटा शिल्प के उत्पादों की धूम जल्द ही दिल्ली हाट में भी मचेगी। प्रदेश सरकार इसके लिए प्रक्रियागत प्रयास कर रही है। यही नहीं टेराकोटा के शिल्पकारों को 23 जनवरी से लखनऊ में हो रहे अवध शिल्प मेले में भी अपना हुनर प्रदर्शित करने का मौका मिलेगा।

यह जानकारी टेराकोटा शिल्पकारों को प्रदेश के एमएसएमई मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने उनके बीच पहुंचकर खुद दी। गोरखपुर महोत्सव में शामिल होने यहां आए एमएसएमई मंत्री बुधवार को टेराकोटा गांव औरंगाबाद में थे। चौपाल लगाकर उन्होंने शिल्पकारों से काफी देर तक बात की, सरकार की योजनाओं की जानकारी दी, शिल्पकारों की समस्याएं सुनीं और जल्द से जल्द उनके निराकरण का आश्वासन दिया। मंत्री श्री सिंह ने कहा कि शीघ्र ही यहां कामन फैसिलिटी सेन्टर (सीएफसी) क्रियाशील हो जाएगा जिसमें सोलर लाइट की व्यवस्था रहेगी। इससे शिल्पकारों को इलेक्ट्रिक चाक में लगने वाली बिजली का विकल्प मिल जाएगा और उन्हें बिजली बिल से भी राहत मिलेगी। इस अवसर पर टेराकोटा शिल्पकार राजन प्रजापति ने टेराकोटा को ओडीओपी में शामिल किए जाने के बाद आए सकारात्मक बदलावों के लिए प्रदेश सरकार की सराहना की। कहा कि पहले लोन के लिए बैंकों के चक्कर लगाने पड़ते थे लेकिन अब बैंक वाले खुद ही अप्रोच करते हैं।

कामन फैसिलिटी सेंटर पर रहेगी सोलर लाइट की व्यवस्था, बिजली बिल से मिलेगी राहत
• गोरखपुर के टेराकोटा गांव औरंगाबाद पहुंचे प्रदेश के एमएसएमई मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ओर अपर मुख्य सचिव एमएसएमई नवनीत सहगल
• गंभीरता से सुनीं शिल्पकारों की समस्याएं, जल्द निराकरण का दिया आश्वासन

एमएसएमई मंत्री के बाद विभाग के अपर मुख्य सचिव नवनीत सहगल भी देर शाम को टेराकोटा गांव औरंगाबाद पहुंचे। उन्होंने शिल्पकारों को जरूरत के अनुसार पगमिल, चाक आदि सुविधाएं उपलब्ध कराने का भरोसा दिया। साथ ही फर्नेस में आ रही समस्या को भी संबधित फर्म से बात कर दूर कराने को कहा।

• गोरखपुर के रेडीमेड गारमेंट ई कामर्स प्लेटफॉर्म से जोड़ें: नवनीत सहगल

ओडीओपी स्कीम के तहत गोरखपुर के दूसरे उत्पाद के रूप में शामिल रेडीमेड गारमेंट सेक्टर के लिए सरकार कितनी संजीदा है, इसकी एक झलक बुधवार शाम सर्किट हाउस में देखने को मिली। रेडीमेड गारमेंट के गोरखपुरी उद्यमियों व इस क्षेत्र में उद्यमिता के आकांक्षी लोगों के साथ अनौपचारिक वार्ता के दौरान अपर मुख्य सचिव एमएसएमई नवनीत सहगल ने गोरखपुर में नोएडा से अधिक सुविधा व सहूलियत दिलाने का भरोसा देकर उनका दिल जीत लिया। बिलकुल खुले माहौल में हुई बातचीत के दौरान उन्होंने नोएडा के कुछ प्रमुख रेडीमेड गारमेंट उद्यमियों व विशेषज्ञों से वीडियो कॉलिंग से यहां के उद्यमियों की बात भी कराई। अपर मुख्य सचिव ने कहा कि गोरखपुर के रेडीमेड गारमेंट को वैश्विक बाजार दिलाने के लिए ई कामर्स कम्पनियों अमेजन,फ्लिपकार्ट आदि के प्रतिनिधियों को गोरखपुर बुलाया जाएगा। साथ ही जेम्स पोर्टल की सुविधा का कैसे लाभ लें, इसके लिए भी कैम्प लगाकर ट्रेनिंग दी जाएगी।

अपर मुख्य सचिव श्री सहगल ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गोरखपुर को रेडीमेड गारमेंट सेक्टर का हब बनाने के लिए प्रयासरत हैं। उन्होंने कहा कि उद्यमी क्लस्टर बनाएं, उन्हें कारीगरों के लिए ट्रेनिंग, डिजाइनर मशीनें, ऑनलाइन मार्केटिंग प्लेटफार्म आदि की सुविधाएं सरकार देगी। उन्होंने बताया कि जल्द ही एक वर्चुअल गारमेंट प्रदर्शनी का आयोजन किया जाएगा जिसमे गोरखपुर के उद्यमी अन्य जगहों पर सफलता से कार्यरत उद्यमियों के अनुभव का लाभ उठा सकेंगे।
उद्यमियों की समस्याओं को इत्मीनान से सुनने के साथ ही उन्होंने समाधान की राह भी सुझाई। अपर मुख्य सचिव श्री सहगल ने अपने बांग्लादेश दौरे के अनुभव को साझा करते हुए कहा कि अपने यहां श्रम शक्ति की सुलभता से रेडीमेड गारमेंट के क्षेत्र में बहुत कुछ किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि यहां के उद्यमियों के एक समूह को नोएडा में रेडीमेड गारमेंट सेक्टर का अध्ययन करने को भी भेजा जाएगा। कोरोना संकट के बावजूद योगी सरकार से मिली सहूलियत से नोएडा के रेडीमेड गारमेंट उद्यमी उत्साहित और खुशहाल हैं।

• जेम्स पोर्टल के संबंध में ट्रेनिंग के लिए यहीं लगाएंगे कैम्प
• क्लस्टर बनाकर देंगे रेडीमेड गारमेंट उद्यमियों को तमाम सुविधाएं
• यहां के रेडीमेड गारमेंट उद्यमियों को नोएडा की विजिट कराएगी सरकार

क्या करना है, यह तय करना जरूरी
अपर मुख्य सचिव नवनीत सहगल ने उद्यमियों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि रेडीमेड गारमेंट एक व्यापक कार्य क्षेत्र वाला है। सबसे पहले यह तय करना होगा कि हम क्या करना चाहते हैं, मसलन स्पिनिंग, वीविंग, स्टिचिंग आदि। इसके बाद ही जरूरत के अनुसार जमीन और अन्य जरूरी निवेश की आवश्यकता संबंधी कार्ययोजना बनाई जा सकती है। उन्होंने कहा कि स्टिचिंग करने वालों के लिए फ्लैटेड कॉम्प्लेक्स बनाया जाएगा। अन्य कार्यों में जिसे भूमि की जरूरत होगी, दिलाया जाएगा। उन्होंने कहा एक जगह जमीन जे लिए गीडा से बात की जाएगी। यह भी भरोसा दिलाया कि यदि रेडीमेड गारमेंट से जुड़े उद्यमी एक जगह पर आ जाएं तो कामन एफ्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट सरकार लगवा देगी। अपर मुख्य सचिव से वार्ता कर उत्साहित उद्यमियों ने कहा कि गोरखपुर में बहुत अच्छा काम हो सकता है। उस दौरान चैंबर ऑफ इंडस्ट्रीज के पूर्व अध्यक्ष एसके अग्रवाल, आकाश जालान, लक्ष्मी शास्त्री, गोविंद चावला, अनुभव केडिया, नितिन जालान, प्रमोद मातनहेलिया, इश्तेयाक अहमद समेत कई उद्यमी, जिला उद्योग उपायुक्त आरके शर्मा मौजूद रहे।

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