दरोगा ने खून देकर की जान बचाने की कोशिश, केजीएमयू में हुई काजल की मौत से आक्रोश, आरोपितों पर 25-25 हजार रुपए का इनाम

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गोरखपुर। जिले के गगहा इलाके के जगदीशपुर भलुआन गांव में 20 अगस्त की रात बदमाशों की गोली से घायल काजल सिंह (17) की बुधवार को लखनऊ के केजीएमयू में मौत हो गई। उसके पेट में गोली फंसी थी। डॉक्टरों ने ऑपरेशन कर उसे बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिली। गगहा थाना पर तैनात दरोगा अमित चौधरी ने भी जरूरत पड़ने पर खून देकर बेटी की जान बचाने की कोशिश की थी। लेकिन कामयाबी नहीं मिल सकी। काजल की मौत की सूचना से पूरे इलाके में आक्रोश फैल गया। बुधवार की रात ही लोग उसके घर जमा हो गए। घटना में शामिल आरोपियों के ​गिरफ्तारी के लिए एसएसपी ने 25—25 हजार का इनाम जारी किया है।

वीडियो बनाते समय पेट में तमंचे से मार दी थी गोली
काजल के पिता राजू नयन सिंह बांसगांव कचहरी में कर्मचारी हैं। उनका विजय प्रजापति से रुपए के लेनदेन का विवाद था। आरोप है कि 20 अगस्त की रात विजय प्रजापति अपने चार साथियों के साथ आया और दरवाजा खुलवाया। राजू नयन के बाहर आते ही दबंगों ने उनकी पिटाई शुरू कर दी। काजल अपने पिता की पिटाई का वीडियो बनाने लगी। इस पर विजय प्रजापति उग्र हो गया और काजल के पेट में तमंचा सटाकर गोली मार दी थी। उसे पुलिस और परिजन जिला अस्पताल और मेडिकल कॉलेज ले गए। मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों ने उसे लखनऊ रेफर कर दिया था। लखनऊ में सोमवार को काजल का ऑपरेशन भी हुआ, लेकिन सफलता नहीं मिल पाई। पेट में फंसी गोली को नहीं निकाला जा सका और बुधवार को उसकी मौत हो गई।

बेटे से बढ़कर थी काजल
पिता राजू नयन सिंह के लिए काजल बेटे से बढ़कर थी। होनहार बेटी की मौत ने उनको भीतर से झकझोर दिया। बेटी की मौत पर उनको संभालना मुश्किल हो गया था। उनकी आंखों से लगातार आंसू बह रहे थे। उन्होंने कहा कि मेरी ​तो जिंदगी ही उजड़ गई। वह बार—बार कहते रहे कि मैं अपनी बेटी को नहीं बचा पाया। काजल अपने माता-पिता की एकलौती संतान थी।

लोगों ने जमकर दिखाया गुस्सा, पुलिस सजग
काजल की मौत की सूचना पूरे इलाके में जंगल की आग की तरह से फैल गई। लोग सोशल मीडिया पर अपना गुस्सा जाहिर करने लगे। आरोपियों की गिरफ्तारी न होने की वजह से लोगों का गुस्सा और बढ़ गया है। लोग इसे लेकर आवाज उठाने की मांग कर रहे हैं। बेटी की हत्या से सब आक्रोशित हैं। इसलिए पुलिस काफी सजगता बरत रही है। पुलिस की अलग—अलग टीमें आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगाई गई हैं। मुकदमे में हत्या की धारा भी बढ़ा दी गई है। राजू नयन सिंह की तहरीर पर विजय प्रजापति, उसके पिता सुभाष प्रजापति, मां सहित चार लोगों पर हत्या की कोशिश का केस दर्ज किया था। इसमें पिता और मां को आपराधिक साजिश का आरोपी बनाया गया था। पुलिस ने विजय के दो जमानतदारों को हिरासत में लिया है।

काजल के निधन से स्कूल में शोक
राजू नयन सिंह की पुत्री काजल आरपीएम स्कूल कौड़ीराम में कक्षा 10वीं की छात्रा थी। आरपीएम स्कूल कौड़ीराम के प्रधानाचार्य राजीव रंजन सिंह ने बताया कि काजल एक होनहार और प्रतिभाशाली छात्रा थी। खेलकूद और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भी उसकी विशेष रुचि थी। उसकी मौत की सूचना पर स्कूल में शोक रहा।

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