सिकरीगंज में छोटे भाई ने बड़े भाई की कुल्हाड़ी से काटकर की हत्या, गगहा में भतीजे ने ली चाचा की जान

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गोरखपुर। सिकरीगंज इलाके के बारी गांव में शनिवार की रात छोटे भाई ने बड़े भाई के टांगी से गला काटकर हत्या कर दी। नशे की हालत में दोनों भाई पैसे को लेकर आपस में विवाद कर रहे थे। हत्या की वजह फिलहाल जमीन बैनामा से मिले पैसे के बंटवारे का विवाद बताया जा रहा है। पुलिस ने आरोपित सोनू सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। वह इससे पहले अपने पिता की भी पैसे के बंटवारे को लेकर हत्या कर चुका है। करीब सप्ताह भर बाद उसके पिता की लाश गांव के बाहर ताबाल के पास से पुलिस ने बरामद किया था। उस समय भी जमीन के पैसे के बंटवारे को लेकर ही विवाद हुआ था।
जानकारी के मुताबिक बारी गांव निवासी सोनू सिंह और उसके बड़े भाई बालेन्द्र सिंह के बीच शनिवार की रात में जमीन बैनामा के बदले मिले पैसे के बंटवारे को लेकर विवाद हो रहा था। सोनू सिंह ने घर के सामने स्थित जमीन व मकान का 1.20 लाख रुपये में बैनामा किया था। बालेन्द्र सिंह उसमें अपना हिस्सा मांग रहा था जबकि सोनू का कहना था कि जमीन उसके हिस्से की थी वह पैसा नहीं देगा। आरोप है कि इसी को लेकर नशे में धुत्त भाइयों में विवाद बढ़ा तो सोनू ने टांगी से बालेन्द्र के ऊपर ताबड़तोड़ वार कर दिया। एक वार उसने बालेन्द्र के गर्दन पर कर दी जिससे उसकी गर्दन कट गई और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हत्या की सूचना के बाद सीओ खजनी योगेंद्र कृष्ण नारायण और थ सिकरीगंज एसओ उपेंद्र मिश्रा अपनी टीम के साथ साथ मौके पर पहुंचे। सीओ ने गांव के लोगों से घटना के बारे में जानकारी ली। उधर, पुलिस ने बालेन्द्र के शव को कब्जे में लेकर आरोपित सोनू को भी गिरफ्तार कर लिया। हत्या के बाद भी वह घर से भाग नहीं था। उधर गगहा में रविवार की शाम भतीजे ने चाचा को पीटकर मार डाला।

चौकीदार ने दी तहरीर, हत्या का मुकदमा
सोनू चार भाइयों में छोटा है। उसका एक भाई अपनी बहन के यहां बस्ती में रहता है जबकि एक भाई की डूबने से मौत हो चुकी है। सोनू के खिलाफ तहरीर देने जब कोई सामने नहीं आया तो पुलिस ने गांव के चौकीदार करिया की तहरीर पर आरोपी सोनू सिंह के खिलाफ अपराध संख्या 302 के तहत केस दर्ज आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजने की तैयारी कर रही है।

शराब की लत ने बर्बाद किया परिवार
सोनू और उसके परिवार को शराब के नशे ने बर्बाद कर दिया। सोनू सिंह के पिता नित्यानंद के पास 25 बिघा जमीन थी। शराब के नशे में सारी जमीन बिकती गई वर्तमान में ज्यादा जमीन नहीं बची है। गाँव में एक मकान बचा हुआ था उसको भी सोनू सिंह और इंस्पेक्टर सिंह ने एक हफ्ता पहले बेच दिया। अब घर में हिस्से और कुछ रुपये पैसा को लेकर भाइयों में विवाद चल रहा था। एक भाई इंस्पेक्टर सिंह दो दिन से अपनी बहन के यहाँ है। घर पर बालेन्दर सिंह व सोनू सिंह अकेले थे। रोज रात में दारू पी कर आपस में बवाल करते थे। सीओ खजनी योगेन्द्र कृष्ण नारायण ने बताया कि जमीन बेच कर यह भाई शराब पीते हैं। पूरे दिन रात शराब के नशे में रहते हैं। यही वजह है कि इनकी पत्नियां भी इन्हें छोड़कर चली गईं हैं। घटना की रात सिर्फ दोनों भाई ही घर पर मौजूद थे। शराबी भाइयों की हरकत से पूरा गांव परेशान रहता था। यही कारण है कि जब उन्होंने लड़ाई शुरू की तो कोई उनके पास नहीं गया था। नशे में धुत भाई ने दूसरे की जान ले ली।

चार भाइयों में अब दो की हो चुकी है मौत

सोनू चार भाइयों में छोटा है। 4 बहने भी हैं जो पिता की हत्या के बाद यहाँ नहीं आती है। पिता की हत्या के कुछ साल बाद एक भाई बबलू सिंह ने नदी में कूदकर अपनी जान दे दी थी। हालांकि कुछ लोगों का कहना है कि वह भी शराब के नशे में धुत्त था और नदी में गिरा तो उठ नहीं पाया और उसकी जान चली गई। जबकि सोनू ने बड़े भाई बालेन्द्र की हत्या कर दी है। अब सिर्फ सोनू और दीप नारायण सिंह उर्फ इंस्पेक्टर ही बचे हैं। बालेन्द्र शादीशुदा था पर नशे की वजह से पत्नी ने छोड़ दिया था। दीप नारायण घर छोड़कर बस्ती में अपनी बहन के यहां रहता है। भाई की हत्या के बाद पुलिस ने खबर भेजवाई पर वह आया नहीं।

11 साल पहले पिता की भी हत्या कर चुका है सोनू
आरोप है कि सोनू सिंह अपने भाई दीप नारायण सिंह उर्फ इंस्पेक्टर के साथ मिलकर सन 2009 में अपने पिता नित्यानंद सिहं की हत्या कर दी थी। उस समय पिता ने जमीन का बैनामा किया था। बैनामे की रकम को लेकर विवाद के बाद सोनू ने अपने भाई के साथ पिता की हत्या करने के बाद शव को अपने खेत में तालाब के पास दफना दिया था। पुलिस ने जब दोनों भाइयों को शक के आधार पर पकड़ा और कड़ाई से पूछताछ की तो उन्होंने जुर्म कबूल लिया था और उनकी निशानदेही पर पुलिस ने दफनाई गई लाश बरामद की थी। पिता की हत्या में बालेन्द्र ने ही सोनू और दीप नारायण के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। सोनू के खिलाफ पुलिस ने गैंगेस्टर एक्ट की भी कार्रवाई की थी।

जमीन के विवाद में गई चाचा की जान

गगहा इलाके के रकहट गांव में जमीन के विवाद में भतीजे ने चाचा रामबुझारत (55) की पीटकर हत्या कर दी। जिला अस्पताल में डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। उधर, सूचना के बाद पुलिस आरोपितों की तलाश में जुटी है। दोनों सगे भाइयों में लंबे समय से विवाद चला आ रहा है। एक साल पहले भी जमीन को लेकर दोनों भाइयों में मारपीट हुई थी।

सगे भाइयों में चल रहा था विवाद, पहले भी हुई थी मारपीट
गगहा थाना क्षेत्र के रकहट निवासी रामधुरी और रामबुझारत सगे भाई हैं। दोनों भाइयों के बीच ज़मीनी विवाद को लेकर एक वर्ष पहले भी मारपीट हुई थी। जिसमें रामधुरी की पत्नी को काफी चोट लगी थी और तभी से दोनों परिवार में टसन चला आ रहा है। रविवार की शाम 5 बजे 55 वर्षीय रामबुझारत यादव अपने खेत की तरफ गये तभी रामधुरी के परिजन भी खेत में पहुंचे और दोनों पक्षों में कहासुनी होने लगी इसी बीच रामबुझारत को उनके भतीजों ने जमकर पीटा जिससे गम्भीर रूप से घायल हो गए। मारपीट की सूचना पर पहुंची गगहा पुलिस ने घायल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गगहा ले गई जहां डाक्टर ने प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रेफर कर दिया जिला अस्पताल में रामबुझारत की मौत हो गई। अभी थाने पर कोई तहरीर नहीं पड़ी है। पुलिस ने आरोपियों को पकड़ने के लिए दविश दी लेकिन आरोपी फरार है।

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